B20 Summit 2023: क्रिप्टोकरेंसी के लिए एक ग्लोबल फ्रेमवर्क की जरूरत

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली में रविवार को बी20 समिट को संबोधित करते हुए कहा है कि भारत के पास सबसे युवा टैलेंट है आज भारत में डिजिटल क्रांति का युग चला हुआ है और प्रधानमंत्री ने क्रिप्टो करेंसी से लेकर यह संबोधित किया है कि इसके मुद्दों से निपटने के लिए एकीकृत दृष्टिकोण की आवश्यकता है

बिजनेस लीडर्स से क्रिप्टोकरेंसी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे मुद्दों पर मंथन करने को भी कहा। उन्होंने कहा कि क्रिप्टोकरेंसी के लिए एक वैश्विक ढांचे की जरूरत है। इसके अलावा, पीएम ने कहा कि अब एआई पर भी ध्यान देने की जरूरत है। यह b20 समिट Cll द्वारा संबोधित किया हुआ था

प्रधानमंत्री ने साल में एक बार ‘अंतर्राष्ट्रीय उपभोक्ता देखभाल दिवस’ मनाने और कार्बन क्रेडिट ट्रेडिंग की मौजूदा प्रथा से ‘ग्रीन क्रेडिट’ पर स्विच करने का भी आह्वान किया.

क्रिप्टोकरंसी से लेकर एक बड़ी चुनौती सामने आयी हैं एक ग्लोबल फ्रेमवर्क तैयार करने की जरूरत है, जिसमें सभी हितधारकों के हितों का ख्याल रखा जाए.”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा व्यापार को लेकर यह संबोधित किया गया जिनमें उन्होंने कहा कि “व्यवसाय संभावनाओं को समृद्धि में, बाधाओं को अवसरों में, आकांक्षाओं को उपलब्धियों में बदल सकते हैं, चाहे वे छोटे हों या बड़े।” और कहा की इसरो ने अहम भूमिका निभाई लेकिन इसके साथ ही भारतीय उद्योग, एमएसएमई और निजी कंपनियों ने भी इस मिशन में बहुत योगदान दिया। यह विज्ञान और उद्योग दोनों की सफलता है।”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सर्कुलर इकोनॉमी में बहुत बड़ी संभावनाएं हैं कि भारत में ग्रीन एनर्जी में काफी जोर दिया जा रहा है सोलर एनर्जी के क्षेत्र में भारत को सफलता प्राप्त हुईभारत की कोशिश इसमें भी दुनिया को साथ लेकर चलने की है। यह कोशिश इंटरनेशनल सोलर एलाइंस के तौर पर भी दिखाई देती है। कहा कि उन्हें यकीन है कि बी20 शिखर सम्मेलन ने सामूहिक परिवर्तन का मार्ग प्रशस्त किया है।

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